क्या आप जानते हैं कि ज़्यादातर स्किन प्रॉब्लम्स का कारण है सूर्य के सम्पर्क में आना। सन बर्न के अलावा सूर्य की नुकसानदायक किरणों से प्रीमेच्योर एजिंग, हायपर पिग्मेंटेशन और अन्य स्किन प्रॉब्लम्स हो सकती हैं। उन समस्याओं से बचने का एकमात्र उपाय है कि आप खुद को सूर्य की नुकसानदायक किरणों से बचाने के लिए रोज़ाना सनस्क्रीन लगाएं।

यदि नियमित रूप से फ़ेशियल कराने और बेस्ट स्किन केयर प्रोडक्ट्स यूज़ करने के बावजूद आपको लगता है कि आपकी स्किन उतनी अच्छी नहीं लग रही है, जितनी कि होनी चाहिए, इसका मतलब है कि आप सनस्क्रीन यूज़ नहीं कर रहे हैं। जी हां, आपको हर रोज़ सनस्क्रीन लगाने की ज़रूरत है। अगर आप जानना चाहते हैं कि सनस्क्रीन लगाने के क्या फ़ायदे हैं, तो पढ़िये हमारा ये लेख, ताकि आप स्किन प्रॉब्लम्स से बच सकें।

 

01. झुर्रियां

01. झुर्रियां

जैसे-जैसे आपकी उम्र बढ़ती है, त्वचा पर झुर्रियां पड़नी शुरू हो जाती हैं। लेकिन कई लोगों को समय से पहले ही झुर्रियां पड़ने लगती हैं। इसके लिए पर्यावरण के अलावा जो सबसे बड़ा कारण है वो है सूर्य की यूवीए और यूवीबी किरणें। यानी कह सकते हैं कि 90% स्किन एजिंग का कारण है यूवी किरणें। यह स्किन में कोलेजन और इलास्टिन को तोड़ता है, जिससे फाइन लाइंस और झुर्रियां नज़र आने लगती हैं। एक ब्रॉड-स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन जैसे- Ponds Sun Protect Non-Oily Sunscreen Cream SPF 50 सूर्य सेहोने वाली 5 स्किन प्रॉब्लम्स से लड़ सकता है- अनइवन पैचेज़, डार्क सर्कल्स, फाइन लाइंस, डार्क स्पॉट्स और रेडनेस।

 

02. पिग्मेंटेशन

02. पिग्मेंटेशन

रोज़ान सूर्य की रोशनी के संपर्क में आपने से स्किन पर पिग्मेंटेशन स्पॉट्स हो जाते हैं। ये ब्राउन स्पॉट्स होते हैं जो स्किन की सतह पर नज़र आते हैं और ऐसा लगता है,जैसे झाइयां यानी फ्रेकल्स बढ़ गए हों। यह स्किन के उन्हीं हिस्सों में होता है, जो सूर्य के संपर्क में ज़्यादा आता है, जैसे- फ़ेस और हाथ। ये स्पॉट्स या पिग्मेंटेशन आपकी स्किन को डल व मेच्योर बना सकते हैं।

 

03. अनइवन स्किन टोन

03. अनइवन स्किन टोन

सूर्य की नुकसानदायक किरणों से आपके फ़ेस पर छोटे स्पॉट्स या डार्क और बड़े पैचेज़ हो सकते हैं, जिससे आपकी स्किन अनइवन और पैची लग सकती है। यदि आपकी भी अनइवन स्किन टोन की समस्या है तो यह संकेत है इस बात का कि सूर्य की किरणें आपकी स्किन को डैमेज कर रही है और आपको ज़रूरत है जल्द-से-जल्द सनस्क्रीन को अपने स्किनकेयर रूटीन में शामिल करने की।

 

04. फटे होंठ

04. फटे होंठ

क्या आपको लगता है कि होठों के फटने का कारण सर्दियों का मौसम और नमी की कमी है? हां, ये कुछ हद तक सही ज़रूर है, लेकिन यूवी किरणें आपके होठों की नाज़ुक स्किन से नमी चुराकर उन्हें रूखा बना सकती है। कई लड़कियां सनस्क्रीन लगाते समय होठों पर ज़्यादा ध्यान नहीं देती हैं, जबकि इसे सन प्रोटेक्शन की उतनी ही ज़रूरत है, जितनी कि शरीर के बाकी हिस्से को। जब भी आप लिप बाम या लिपस्टिक लगाएं, उसके नीचे सनस्क्रीन ज़रूर लगाएं। बेहतर होगा कि आप Lakme Lip Love Chapstick SPF 15 लगाएं, यह आपके होठों को मोइश्चराइज़ करने के साथ उन्हें सन प्रोटेक्शन भी देता है।